🚆 अर्धकुंभ 2026 के लिए हरिद्वार रेलवे स्टेशन का व्यापक कायाकल्प
अर्धकुंभ मेले की तैयारियों के तहत हरिद्वार रेलवे स्टेशन को सुदृढ़ और आधुनिक बनाने की योजना पर तेजी से काम शुरू हो गया है। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने भीड़ प्रबंधन, सुरक्षा और यात्री सुविधाओं की विस्तृत समीक्षा की।
👥 10,000 यात्रियों की क्षमता वाला होल्डिंग एरिया
भीड़ नियंत्रण के लिए स्टेशन परिसर में लगभग 10,000 यात्रियों की क्षमता वाला होल्डिंग एरिया विकसित किया जाएगा। यह क्षेत्र श्रद्धालुओं के सुरक्षित ठहराव और नियंत्रित प्रवेश-निकास व्यवस्था में मदद करेगा।
🚉 भीड़ प्रबंधन और सुरक्षा व्यवस्था
अर्धकुंभ के दौरान हरिद्वार स्टेशन श्रद्धालुओं का प्रमुख आगमन केंद्र होता है। इसलिए निम्न व्यवस्थाओं पर विशेष ध्यान दिया जाएगा:
• प्लेटफॉर्म पर भीड़ नियंत्रण
• प्रवेश और निकास मार्गों का सुव्यवस्थित संचालन
• अतिरिक्त टिकट काउंटर
• हेल्पडेस्क की स्थापना
• उद्घोषणा प्रणाली को मजबूत करना
• पर्याप्त प्रकाश और सीसीटीवी निगरानी
🚄 विशेष ट्रेनें और समयबद्ध संचालन
अर्धकुंभ अवधि में ट्रेनों की समयबद्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। आवश्यकता पड़ने पर विशेष ट्रेनों का संचालन भी किया जाएगा ताकि श्रद्धालुओं को सुविधा मिल सके।
♿ वरिष्ठ नागरिक और दिव्यांगजनों के लिए विशेष व्यवस्था
दिव्यांगजन, वरिष्ठ नागरिकों और महिला यात्रियों के लिए अलग सहायता काउंटर स्थापित किए जाएंगे। इसके अलावा स्वच्छ पेयजल, शौचालयों की नियमित सफाई और प्रतीक्षालयों की व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
📍 आसपास के स्टेशनों का भी सुदृढ़ीकरण
मोतीचूर, ज्वालापुर और रायवाला रेलवे स्टेशनों को भी अर्धकुंभ की तैयारियों के तहत मजबूत किया जाएगा, ताकि यात्री भार को संतुलित किया जा सके।
📊 अर्धकुंभ के दौरान संभावित यात्री दबाव
अर्धकुंभ में लाखों श्रद्धालुओं के हरिद्वार पहुंचने की संभावना रहती है। इसलिए रेलवे और राज्य सरकार संयुक्त रूप से ऐसी व्यवस्था तैयार कर रहे हैं जिससे यात्रा सुरक्षित, सुगम और व्यवस्थित हो सके।